किसानों को शून्य ब्याज दर योजना के तहत दिया जायेगा 18500 करोड़ रुपये का ऋण

18447
krishi loan

शून्य ब्याज दर योजना के तहत ऋण

सरकार द्वारा किसानों को कृषि आदानों जैसे खाद, बीज आदि के लिए निवेश हेतु कम ब्याज दरों पर ऋण उपलब्ध कराया जाता है | किसान यह ऋण बैंक से किसान क्रेडिट कार्ड पर या सहकारी बैंकों से राज्य सरकार की योजनाओं के माध्यम से ले सकते हैं | सरकार द्वारा यह अल्पकालिक फसली ऋण खरीफ एवं रबी फसलों के लिए दिया जाता है, किसान यदि यह ऋण समय पर जमा कर दें तो उन्हें इस ऋण पर बहुत कम ब्याज या कुछ राज्यों में बिना किसी ब्याज के मिलता है | 

राजस्थान सरकार राज्य के किसानों को अल्पकालीन फसली ऋण बिना किसी ब्याज के सहकारी बैंकों के माध्यम से देती है | राज्य सरकार ने इस वर्ष किसानों को ऋण देने के लिए लक्ष्य तय कर दिया है साथ ही इस वर्ष सरकार 3 लाख नए किसानों को फसली ऋण देने वाली है |

मार्च 2022 तक दिया जायेगा 18500 करोड़ रुपये का ऋण

सहकारिता मंत्री श्री उदयलाल आंजना ने बताया कि सहकारी बैंकों से जुड़े किसानों को अधिक मात्रा में अल्पकालीन फसली ऋण उपलब्ध कराने के उददेश्य से वर्ष 2021-22 में 16,000 करोड़ रूपये के फसली ऋण वितरण के लक्ष्य को बढ़ाकर 18,500 करोड़ रुपये कर दिया है। किसानों को इस वित्तीय वर्ष में 2500 करोड़ रुपये का ज्यादा फसली ऋण वितरित होगा।

यह भी पढ़ें   हर खेत पानी योजना के तहत राज्य सरकार इन सिंचाई साधनों पर दे रही है 85 प्रतिशत तक सब्सिडी

3 लाख नए किसानों को दिया जायेगा ऋण

इस वर्ष बजट 2021-22 में केन्द्रीय सहकारी बैंकों द्वारा किसानों को 16000 करोड़ रुपये के अल्पकालीन फसली ऋण वितरित करने की घोषणा की गई थी, साथ ही 3 लाख नये किसानों को राज्य सरकार की शून्य ब्याज पर फसली ऋण योजना से जोड़े जाने की भी घोषणा की गई थी। चालू वर्ष में 2.40 लाख नये किसानों द्वारा ऑनलाइन पोर्टल पर पंजीकरण एवं आवेदन किया गया है, जिसमें से 1.25 लाख नये किसानों को 248.69 करोड़ रूपये शून्य ब्याज दर योजना से लाभान्वित किया जा चुका है तथा सहकारी बैंकों द्वारा खरीफ 2021 में लगभग 25.68 लाख किसानों को राशि रुपये 9359.87 करोड़ के फसली ऋण वितरित किये जा चुके हैं।

शून्य ब्याज दर योजना के तहत दिया जाएगा ऋण

पिछले वर्ष राज्य के केन्द्रीय सहकारी बैंकों द्वारा 26,34,355 किसानों को 15235.33 करोड़ रूपये के फसली ऋण उपलब्ध करवाये गये थे। इस वर्ष 3 लाख नये किसानों को राज्य सरकार की शून्य ब्याज दर योजना का लाभ उपलब्ध करवाये जाने का लक्ष्य रखा गया है | साथ ही वर्तमान ऋणी किसानों को अधिक मात्रा मे ऋण उपलब्ध करवाये जाने के निर्देश सहकारी बैंकों को प्रदान किये गये हैं।

यह भी पढ़ें   कोरोना वायरस के कारण गेहूं के पंजीयन एवं खरीदी प्रक्रिया की गई बंद
पिछला लेखअधिक पैदावार वाली मिर्च की किस्में और उनकी विशेषताएं
अगला लेखवैज्ञानिकों ने विकसित किया बैटरी से चलने वाला ई-टैक्टर

LEAVE A REPLY

अपना कमेंट लिखें
आपका नाम लिखें.