उत्तर प्रदेश में मत्स्य पालन को बढ़ावा देने और मत्स्य पालकों की आय बढ़ाने के लिए प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना (PMMSY) के तहत पात्र लाभार्थियों से ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। उत्तर प्रदेश के मत्स्य विकास मंत्री डॉ. संजय कुमार निषाद ने बताया कि भारत सरकार द्वारा वित्तीय वर्ष 2020-21 से संचालित प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना की अवधि सितंबर 2026 तक बढ़ाई गई है।
योजना के अंतर्गत उपलब्ध अवशेष लक्ष्यों के सापेक्ष पात्र लाभार्थियों को लाभ देने के लिए विभागीय पोर्टल 14 अगस्त से 24 अगस्त 2026 तक ऑनलाइन आवेदन के लिए खुला रहेगा। इच्छुक और पात्र लाभार्थी निर्धारित अवधि में fisheries.up.gov.in पर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
मछली पालन की इन 6 परियोजनाओं के लिए मांगे गए आवेदन
उत्तर प्रदेश में PMMSY के तहत उपलब्ध लक्ष्यों के अनुसार छह प्रमुख परियोजनाओं के लिए आवेदन आमंत्रित किए जाएंगे। इनमें सामान्य, महिला और अनुसूचित जाति वर्ग के लिए अलग-अलग लक्ष्य निर्धारित किए गए हैं।
- बड़े क्षेत्र में तालाब निर्माण एवं प्रथम वर्ष निवेश: 33.93 हेक्टेयर (सामान्य, महिला एवं अनुसूचित जाति वर्ग)।
- मध्य आकार RAS (री-सर्कुलेटरी एक्वाकल्चर सिस्टम): 03 यूनिट (सामान्य वर्ग)।
- रेयरिंग यूनिट का निर्माण: 22.667 हेक्टेयर (महिला एवं अनुसूचित जाति वर्ग)।
- बैकयार्ड RAS: 241 यूनिट (महिला वर्ग)।
- जलाशयों में मत्स्य अंगुलिका संचय: 65,000 अंगुलिकाएँ (सामान्य, महिला एवं अनुसूचित जाति वर्ग)।
- पारंपरिक मछुआरा परिवारों के लिए आजीविका एवं पोषण सहायता: 500 यूनिट।
PMMSY Subsidy Rates: किसको कितना अनुदान मिलेगा?
PMMSY के तहत अलग-अलग परियोजनाओं के लिए पात्र लाभार्थियों को श्रेणी के अनुसार अनुदान दिया जाएगा। सामान्य एवं अन्य श्रेणी के लाभार्थियों के लिए कई परियोजनाओं में 40 प्रतिशत अनुदान, जबकि अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति एवं महिला लाभार्थियों के लिए 60 प्रतिशत तक अनुदान का प्रावधान है।
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परियोजना |
सामान्य व अन्य वर्ग सब्सिडी |
SC/ST एवं महिला वर्ग सब्सिडी |
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निजी भूमि पर तालाब निर्माण एवं प्रथम वर्ष निवेश |
40% |
60% |
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नए रियरिंग यूनिट तालाब निर्माण |
40% |
60% |
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मध्याकार री-सर्कुलेटरी / बायोफ्लॉक सिस्टम |
40% |
60% |
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बैकयार्ड री-सर्कुलेटरी सिस्टम |
40% |
60% |
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जलाशय में फिंगरलिंग स्टॉकिंग |
40% |
60% |
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आजीविका और पोषण संबंधी सहायता |
₹3,000 की वित्तीय सहायता |
₹3,000 की वित्तीय सहायता |
24 अगस्त तक करना होगा ऑनलाइन आवेदन
PMMSY के तहत आवेदन करने के इच्छुक पात्र लाभार्थियों के लिए आवेदन की अवधि निर्धारित कर दी गई है।
- आवेदन शुरू: 14 अगस्त 2026
- आवेदन की अंतिम तारीख: 24 अगस्त 2026
- आवेदन का माध्यम: ऑनलाइन
- विभागीय पोर्टल: fisheries.up.gov.in
आवेदकों को निर्धारित समय सीमा के भीतर ऑनलाइन आवेदन करना होगा। आवेदन से संबंधित आवश्यक अभिलेख, पात्रता, परियोजना की इकाई लागत और आवेदन प्रक्रिया की जानकारी विभागीय पोर्टल पर उपलब्ध है।
सभी जिलों में किया जाएगा योजना का प्रचार
मत्स्य मंत्री ने अधिकारियों को प्रदेश के सभी जनपदों में योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं, ताकि अधिक से अधिक पात्र लाभार्थी इससे जुड़ सकें। जनपद स्तर पर मत्स्य पालकों और अन्य पात्र आवेदकों को ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया तथा आवश्यक मार्गदर्शन उपलब्ध कराया जाएगा।
प्राप्त आवेदनों की जांच और परियोजनाओं के क्रियान्वयन की प्रक्रिया निर्धारित समय सीमा में पूरी करने के निर्देश भी अधिकारियों को दिए गए हैं। परियोजना के क्रियान्वयन के दौरान लाभार्थियों को आवश्यकता के अनुसार तकनीकी और विभागीय मार्गदर्शन उपलब्ध कराया जाएगा।
PMMSY योजना की विस्तृत जानकारी कहां मिलेगी?
प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के तहत परियोजनाओं की इकाई लागत, पात्रता, आवेदन प्रक्रिया और आवश्यक अभिलेखों सहित विस्तृत जानकारी उत्तर प्रदेश मत्स्य विभाग की वेबसाइट fisheries.up.gov.in पर उपलब्ध है।
इच्छुक लाभार्थियों को आवेदन करने से पहले आधिकारिक पोर्टल पर अपने लिए लागू पात्रता, परियोजना की शर्तें, आवश्यक दस्तावेज और अनुदान संबंधी नियमों की जानकारी ध्यानपूर्वक देखनी चाहिए।
Machhali palan ke liye
https://fisheries.up.gov.in/ दी गई लिंक पर आवेदन करें। 24 अगस्त तक आवेदन चल रहे हैं। दी गई लिंक पर योजना की जानकारी भी उपलब्ध है।
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मछली के पालन
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