मध्य प्रदेश सरकार ने किसानों को कम लागत पर ट्रैक्टर और आधुनिक कृषि यंत्र किराए पर उपलब्ध कराने तथा गांव स्तर पर स्वरोजगार के अवसर बढ़ाने के लिए कृषि यंत्र किराए की दुकान यानि कस्टम हायरिंग सेंटर (CHC) स्थापित करने का लक्ष्य जारी कर दिया है। इस वर्ष प्रदेश में कुल 1000 कस्टम हायरिंग सेंटर स्थापित किए जाएंगे।
योजना के तहत इच्छुक किसान एवं पात्र आवेदक कृषि यंत्रों की खरीद के लिए बैंक ऋण के साथ अनुदान का लाभ ले सकेंगे। कस्टम हायरिंग सेंटर सब्सिडी 2026 के लिए ऑनलाइन आवेदन संचालनालय कृषि अभियांत्रिकी के पोर्टल chc.mpdage.org पर आमंत्रित किए गए हैं।
कस्टम हायरिंग केंद्र पर कितना अनुदान (Subsidy) मिलेगा?
कस्टम हायरिंग सेंटर स्थापित करने के लिए आवश्यक ट्रैक्टर एवं कृषि यंत्रों की खरीद लागत अधिकतम 25 लाख रुपये तक निर्धारित की गई है। चयनित आवेदकों को इस लागत का 40 प्रतिशत, अधिकतम 10 लाख रुपये तक अनुदान दिया जाएगा।
इसके अतिरिक्त बैंक से लिए गए ऋण पर एग्रीकल्चर इंफ्रास्ट्रक्चर फंड (AIF) के तहत 3 प्रतिशत ब्याज सब्सिडी का लाभ भी दिया जाएगा। कृषि यंत्रों पर मिलने वाले अनुदान की गणना सबमिशन ऑन एग्रीकल्चर मैकेनाइजेशन के तहत निर्धारित प्रावधानों के अनुसार की जाएगी।
मध्य प्रदेश में 1000 CHC का लक्ष्य
प्रदेश में इस वर्ष कुल 1000 कृषि यंत्र किराए की दुकान यानी कस्टम हायरिंग सेंटर स्थापित करने का लक्ष्य रखा गया है। जो इस प्रकार है:
- कम कस्टम हायरिंग सेंटर वाले 19 जिलों के प्रत्येक विकासखंड में लक्ष्य दिए गए हैं। इन जिलों के लिए कुल 258 CHC का लक्ष्य रखा गया है।
- शेष 36 जिलों में कुल 742 CHC स्थापित किए जाएंगे। इनमें सामान्य वर्ग, अनुसूचित वर्ग तथा FPO के लिए अलग-अलग लक्ष्य निर्धारित किए गए हैं।
21 अगस्त 2026 तक कर सकते हैं आवेदन
कस्टम हायरिंग सेंटर के लिए ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया 7 अगस्त 2026 से शुरू हो चुकी है और 21 अगस्त 2026 तक आवेदन किए जा सकते हैं।
इसके बाद 22 अगस्त 2026 को दोपहर 12 बजे संचालनालय कृषि अभियांत्रिकी, भोपाल में कंप्यूटरीकृत लॉटरी की जाएगी। आवेदक उसी दिन शाम 5 बजे से लॉटरी में अपना नाम देख सकेंगे।
चयनित आवेदकों के अभिलेखों का जिलेवार सत्यापन 24 और 25 अगस्त 2026 को किया जाएगा। इस दौरान सुबह 10:30 बजे से शाम 5:30 बजे तक बैंक ड्राफ्ट जमा करना होगा।
आवेदन से पहले 10 हजार रुपये का बैंक ड्राफ्ट जरूरी
कस्टम हायरिंग सेंटर के लिए आवेदन करने वाले आवेदकों को आवेदन से पहले 10,000 रुपये की धरोहर राशि का बैंक डिमांड ड्राफ्ट बनवाना होगा।
बैंक ड्राफ्ट संबंधित संभाग के सहायक कृषि यंत्री के नाम से बनाना होगा। ऑनलाइन आवेदन के दौरान इसकी स्कैन कॉपी लगानी होगी, जबकि दस्तावेज सत्यापन के समय मूल बैंक ड्राफ्ट जमा करना होगा।
यदि आवेदक का नाम लॉटरी में नहीं आता है तो वह बैंक से डिमांड ड्राफ्ट की राशि वापस प्राप्त कर सकता है। चयनित आवेदक द्वारा कस्टम हायरिंग सेंटर स्थापित करने में रुचि नहीं लेने या केंद्र स्थापित करने में असफल रहने पर धरोहर राशि शासन द्वारा राजसात की जा सकती है।
किसके नाम बनेगा बैंक ड्राफ्ट?
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संभाग |
बैंक ड्राफ्ट जिस अधिकारी के नाम बनेगा |
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भोपाल संभाग |
“सहायक कृषि यंत्री, भोपाल” |
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नर्मदापुरम संभाग |
“सहायक कृषि यंत्री, नर्मदापुरम” |
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इंदौर संभाग |
“सहायक कृषि यंत्री, इंदौर” |
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उज्जैन संभाग |
“सहायक कृषि यंत्री, उज्जैन” |
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रीवा एवं शहडोल संभाग |
“सहायक कृषि यंत्री, सतना” |
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जबलपुर संभाग |
“सहायक कृषि यंत्री, जबलपुर” |
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सागर संभाग |
“सहायक कृषि यंत्री, सागर” |
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ग्वालियर एवं चंबल संभाग |
“सहायक कृषि यंत्री, ग्वालियर” |
आवेदकों को बैंक ड्राफ्ट बनवाने से पहले संबंधित संभागीय कृषि यंत्री कार्यालय से नाम एवं अन्य विवरण की पुष्टि कर लेना चाहिए।
कस्टम हायरिंग सेंटर के लिए पात्रता
कस्टम हायरिंग सेंटर योजना का लाभ लेने के लिए आवेदक को निर्धारित पात्रता पूरी करनी होगी।
- आवेदक मध्य प्रदेश का मूल निवासी होना चाहिए।
- 1 अगस्त 2026 को आवेदक की उम्र 18 वर्ष से कम और 40 वर्ष से अधिक नहीं होनी चाहिए।
- आवेदक का न्यूनतम 12वीं कक्षा उत्तीर्ण होना आवश्यक है।
- शासकीय, अर्द्धशासकीय अथवा अन्य संबंधित सरकारी योजना के तहत पहले से रोजगार प्राप्त व्यक्ति पात्र नहीं होंगे।
कस्टम हायरिंग केंद्र के लिए यह कृषि यंत्र होंगे आवश्यक
कस्टम हायरिंग सेंटर में रखे जाने वाले अनिवार्य कृषि यंत्र जिले में प्रमुख फसल के आधार पर निर्धारित किए गए हैं।
नरवाई/पराली प्रभावित जिलों के लिए
इन जिलों में श्योपुर, ग्वालियर, दतिया, रायसेन, अशोकनगर, भिंड, शिवपुरी, सीहोर, मैहर, गुना, पन्ना, दमोह, जबलपुर, नर्मदापुरम, सिवनी, सतना, कटनी, नरसिंहपुर, रीवा और विदिशा शामिल हैं।
इन क्षेत्रों के CHC में प्रमुख रूप से 50 PTO HP से अधिक क्षमता वाला ट्रैक्टर, मल्चर/श्रेडर/रीपर/रीपर-कम-बाइंडर, स्ट्रा रीपर/मल्टी-क्रॉप थ्रेसर, हैप्पी सीडर/सुपर सीडर/स्मार्ट सीडर तथा रिवर्सिबल प्लाऊ/डिस्क हैरो रखना होगा।
धान बाहुल्य जिलों के लिए
बालाघाट, सिवनी, जबलपुर, नर्मदापुरम, सतना, विदिशा, मंडला, रीवा, शहडोल, कटनी, उमरिया, मैहर, रायसेन, सीधी, अनूपपुर, दमोह, डिंडोरी, पन्ना, दतिया, श्योपुर और ग्वालियर जैसे धान बाहुल्य जिलों में CHC के लिए 50 PTO HP से अधिक ट्रैक्टर के साथ राइस प्लांटर/डायरेक्ट राइस सीडर/जीरो टिल सीड-कम-फर्टिलाइजर ड्रिल, लेजर लैंड लेवलर/मल्टी-क्रॉप थ्रेसर, रीपर/रीपर-कम-बाइंडर और रिवर्सिबल प्लाऊ/डिस्क हैरो जैसे यंत्र निर्धारित हैं।
गन्ना बाहुल्य जिलों के लिए
बैतूल, बुरहानपुर, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, बड़वानी, नर्मदापुरम, ग्वालियर, दतिया, जबलपुर और खरगोन में CHC के लिए ट्रैक्टर, मल्चर/श्रेडर/स्ट्रा रीपर, लेजर लैंड लेवलर/मल्टी-क्रॉप थ्रेसर, मल्टीक्रॉप प्लांटर/शुगरकेन कटर प्लांटर तथा रिवर्सिबल प्लाऊ/डिस्क हैरो जैसे यंत्र आवश्यक होंगे।
गेहूं, मक्का, सोयाबीन आदि फसल वाले जिलों के लिए
अन्य फसल बाहुल्य जिलों में ट्रैक्टर के साथ मल्चर/श्रेडर/स्ट्रा रीपर, मक्का थ्रेसर/लेजर लैंड लेवलर/मल्टी-क्रॉप थ्रेसर, बेड प्लांटर अथवा रेज्ड बेड प्लांटर/मल्टीक्रॉप प्लांटर/न्यूमेटिक प्लांटर तथा रिवर्सिबल प्लाऊ/डिस्क हैरो निर्धारित किए गए हैं।
कस्टम हायरिंग केंद्र हेतु आवेदन के लिए आवश्यक दस्तावेज
कस्टम हायरिंग सेंटर के लिए आवेदन करते समय एवं अभिलेखों के सत्यापन में किसानों को निम्न दस्तावेजों की आवश्यकता होगी।
- फोटो पहचान पत्र एवं आधार कार्ड
- 10वीं/12वीं की अंकसूची या सक्षम अधिकारी द्वारा जारी जन्म प्रमाण पत्र
- जाति प्रमाण पत्र (केवल SC/ST आवेदकों हेतु)
- निवास प्रमाण पत्र (आधार कार्ड / मतदाता पहचान पत्र / ऋण पुस्तिका)
- ₹10,000 का बैंक डिमांड ड्राफ्ट (DD)
- FPO आवेदकों के लिए: पंजीयन प्रमाण पत्र, गवर्निंग बॉडी विवरण व अध्यक्ष का आधार कार्ड
कस्टम हायरिंग केंद्र अनुदान के लिए आवेदन कहाँ करें?
जो किसान या पात्र आवेदक कस्टम हायरिंग सेंटर सब्सिडी 2026 का लाभ लेना चाहते हैं, वे ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। आवेदन के लिए आधार कार्ड की मदद से ऑनलाइन प्रक्रिया पूरी की जा सकती है। योजना की विस्तृत जानकारी, लक्ष्य, पात्रता और अन्य दिशा-निर्देश भी पोर्टल पर उपलब्ध हैं।
- आधिकारिक पोर्टल chc.mpdage.org पर जाएं।
- आधार कार्ड और अन्य व्यक्तिगत विवरण दर्ज कर फॉर्म भरें।
- ₹10,000 की DD की स्कैन कॉपी एवं अन्य आश्वश्यक दस्तावेज की स्कैन कॉपी अपलोड करके आवेदन जमा करें।
- 22 अगस्त 2026 को दोपहर 12 बजे कम्प्यूटरीकृत लॉटरी के बाद शाम 5 बजे से परिणाम देखें।
- चयनित आवेदक 24 व 25 अगस्त 2026 को मूल दस्तावेजों एवं DD का भौतिक सत्यापन कराएं।
कस्टम हायरिंग केंद्र योजना की एक नजर में पूरी जानकारी
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जानकारी |
विवरण |
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योजना |
निजी क्षेत्र में कस्टम हायरिंग सेंटर (CHC) योजना 2026 |
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कुल लक्ष्य |
1000 केंद्र |
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कृषि यंत्रों की अधिकतम लागत |
25 लाख रुपये |
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अनुदान |
40%, अधिकतम 10 लाख रुपये |
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AIF ब्याज सहायता अनुदान |
3% |
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आवेदन शुरू |
7 अगस्त 2026 |
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आवेदन की अंतिम तारीख |
21 अगस्त 2026 |
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कंप्यूटरीकृत लॉटरी |
22 अगस्त 2026, दोपहर 12 बजे |
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दस्तावेज सत्यापन |
24 एवं 25 अगस्त 2026 |
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धरोहर राशि |
10,000 रुपये |
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आवेदन पोर्टल |
किसानों को सलाह है कि आवेदन से संबंधित किसी भी समस्या या जानकारी के लिए अपने जिले अथवा संभाग के कृषि यंत्री कार्यालय से अथवा कृषि विभाग में संपर्क करें। योजना की विस्तृत जानकारी chc.mpdage.org पर भी उपलब्ध है, साथ ही किसान नीचे दी गई लिंक से कस्टम हायरिंग केंद्र योजना की पीडीएफ डाउनलोड कर सकते है।