तने में छेद करने वाले तना वेधक कीट से फसल सुरक्षा

0
1690

तने में छेद करने वाले तना वेधक कीट से फसल सुरक्षा

कुछ कीटों के शिशु व सुड़ियाँ ताने में छेद करके उसे अन्दर से खाती है जिससे पौधा सूख जाता है | धान, मक्का, ज्वार का तना छेदक, गन्ने का अंकुर बेधक, चोटी बेधक (टाप सूट बोरर), तना बेधक, पोरी बेधक (इंटर नोड बोरर)

तना बेधक कीट

एस कीट की सुड़ियाँ हानिकारक होती है | पूर्ण विकसित सूडी हलके पीले शरीर वाले होते हैं | अण्डों से सुडियां निकल कर तनों में घुसकर मुख्य पौध पर क्षति पहुंचता है |

प्रभावित फसल –

धान, मक्का, ज्वार, गन्ना

रोकथाम के उपाय –

  • गर्मी की गहरी जुताई करना चाहिए |
  • खेत एवं मदों को घासमुक्त एवं मेड़ों की छटाई करना चाहिए |
  • समय से रोपाई करना चाहिये |
  • फसल की साप्ताहिक निगरानी करना चाहिये |
  • तना बेधक कीट के पूर्वानुमान एवं नियंत्रण हेतु 5 फेरोमोन ट्रैप प्रति हे. प्रयोग करना चाहिये |
  • मेड़ों पर या उनके पास फूल वाली फसल लगानी चाहिए जिससे मित्र कीट को मकरंध मिल सके |
यह भी पढ़ें   देखें यह किसान किस तरह देसी तकनीक से खरपतवार (निराई-गुड़ाई) नष्ट कर रहें हैं

निम्नलिखित रसायन मे से किसी एक रसायन को प्रति हे. बुरकाव / 500 – 600 लीटर पानी मे घोलकर करना चाहिये |

कार्बोफ्यूरान 3 जी 20 किग्रा 3 – 5 से.मी. स्थिर पानी

अथवा

कारटाप हाइड्रोक्लोरोराइड 4 जी 18 किग्रा. 3 – 5 से.मी. स्थिर पानी में

अथवा

क्लोरपाइरीफास 20 प्रतिशत ई.सी. 1.5 लीटर अथवा क्यूनालफास 25 प्रतिशत ई.सी. 1.5 लीटर

अथवा

ट्राएजोफास 40 प्रतिशत ई.सी.1.25 लीटर अथवा मोनोक्रोटोफास 36 प्रतिशत एस.एल. 1.25 ली.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here