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मंगलवार, अप्रैल 23, 2024
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तुलसी की फसल के उत्पाद बनाकर किसान अपनी आय बढ़ाएं

तुलसी मूल्य परिवर्धन 

सुखाना 

  • इसे पतली परत बनाकर छायादार स्थान में 8-10 दिनों के लिए सुखाया जाता है।
  • इसे अच्छे हवादार एवं छायादार स्थान में ही सुखाना चाहिए।

आसवन

  • तुलसी तेल को आंशिक रूप से सूखी जड़ी बूटी के भाप आसवन के द्दारा प्राप्त किया जाता है।
  • आसवन सीधे अग्नि प्रज्जवलन भट्रटी द्दारा किया जाता है जो भाप जनेरटर द्दारा संचालित होता है।

पैकिंग 

वायुरोधी थैले इसके लिए आदर्श होते है। नमी के प्रवेश को रोकने के लिए पालीथीन या नायलाँन थैलों में पैक किया जाना चाहिए।

भडांरण

  1. पत्तियों को शुष्क स्थानों में संग्रहित करना चाहिए।
  2. गोदाम भंडारण के लिए आदर्श होते है।
  3. शीत भंडारण अच्छे नहीं होते है।

परिवहन 

  • सामान्यत: किसान अपने उत्पाद को बैलगाड़ी या टैक्टर से बाजार तक पहुँचता हैं।
  • दूरी अधिक होने पर उत्पाद को ट्रक या लाँरियो के द्वारा बाजार तक पहुँचाया जाता हैं।
  • परिवहन के दौरान चढ़ाते एवं उतारते समय पैकिंग अच्छी होने से फसल खराब नही होती हैं।

अन्य-मूल्य परिवर्धन

  • तुलसी अदरक
  • तुलसी चूर्ण
  • तुलसी चाय
  • तुलसी कैप्सूल
  • पंच तुलसी तेल

यह भी पढ़ें: तुलसी की कृषि वैज्ञानिक तकनीक

यह भी पढ़ें: हर्बल फसलों पर मिलने वाला अनुदान 

3 टिप्पणी

    • प्रोजेक्ट बनायें, अपने यहाँ के पशु चिकित्सालय या जिला पशु पालन विभाग में सम्पर्क करें| प्रोजेक्ट अप्रूव होने पर बैंक से लोन हेतु आवेदन करें |

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