कृषि विभाग में 750 कृषि पर्यवेक्षकों की भर्ती     

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कृषि विभाग में 750 कृषि पर्यवेक्षकों की भर्ती     

कृषि मंत्री श्री प्रभुलाल सैनी ने बताया कि कृषि विभाग में 750 कृषि पर्यवेक्षकों  की भर्ती की जाएगी। इसके साथ ही 290 सहायक कृषि अधिकारी, 20 सांख्यिकी अधिकारी, 38 सहायक सांख्यिकी अधिकारी के पदों पर भर्ती की जाएगी। उन्होंने बताया कि इसके लिए राजस्थान लोक सेवा आयोग व अन्य रिक्रूटमेंट एजेंसियों को अभ्यर्थना भिजवा दी गई है।

श्री सैनी शुक्रवार को राज्य कृषि प्रबंध संस्थान, दुर्गापुरा में हलधर टाइम्स और राजस्थान एग्रीकल्चर स्टूडेंट एसोसिएशन की ओर से आयोजित कृषि विद्यार्थी एवं प्रतिभा खोज परीक्षा 2018 के सम्मान समारोह में बतौर मुख्य अतिथि बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि आने वाला समय कृषि का होगा और इसमें रोजगार की अनंत सभावनाएं हैं क्योंकि खाद्यान्न की जरूरत मानवजीवन के लिए हमेशा बनी रहेगी। इस क्षेत्र में काम करने वाला व्यक्ति रोजगार प्रदाता बनने की क्षमता रखता है।

कृषि मंत्री ने कृषि वैज्ञानिकों से आह्वान किया कि कृषि क्षेत्र में अनुसंधान को बढ़ावा दें। खाद्यान्न में घटती गुणवत्ता और पोषकतत्वों पर चिंता जताते हुए उन्होंने इस क्षेत्र में नए शोध की आवश्यकता जताई। उन्होंने कहा कि किसानों को आज परम्परागत खेती के साथ कृषि में हो रहे नवाचाराें को अपनाने की जरूरत है।

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वाटर मैनेजमेंट का सेंटर ऑफ एक्सीलेंस बनाने के होंगे प्रयास

कृषि मंत्री श्री प्रभुलाल सैनी ने बताया कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री वसुन्धरा राजे के ‘‘पर ड्रॉप-मोर क्रॉप‘‘ के विजन को साकार करने के लिए राज्य में वाटर मैनेजमेंट पर आधारित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस बनाने के प्रयास होंगे। उन्होंने कहा कि राजस्थान में वैसे ही पानी की कमी है, इसलिए राज्य सरकार कम पानी में होने वाली फसलों का उत्पादन बढ़ाने के लिए जोर दे रही है। राज्य में संरक्षित खेती के आवेदनों में आशातीत बढ़ोत्तरी हुई है। उन्होंने बताया कि इस सेंटर ऑफ एक्सीलेंस को स्थापित करने के लिए विस्तृत कार्ययोजना बनाई जाएगी।

प्रतिभाओं को किया गया सम्मानित

इस अवसर पर कृषि विद्यार्थी एव प्रतिभा खोज परीक्षा में सफल हुए विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। इसके साथ ही प्रगतिशील किसानों को उनके विशेष कार्य के लिए कृषि मंत्री ने सम्मानित किया। इस अवसर पर कृषि विश्वविद्यालय कोटा के कुलपति श्री जी एल केशवा, हलधर टाइम्स के संपादक श्री शरद शर्मा सहित बड़ी संख्या में छात्र और प्रगतिशील किसान उपस्थित थे।

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