Monsoon Forecast: जानिए इस वर्ष देश में कब आएगा मानसून

मानसून 2021 कब पहुंचेगा भारत

मई महीने का एक पखवाडा खत्म हो गया है ओर यहाँ से अब खरीफ फसल की बुआई के लिए तैयारियां शुरू होने लगी है | किसानों की खरीफ फसल की बुआई इस बात पर निर्भर रहती है कि मानसून कैसा रहेगा और मानसूनी बारिश कब शुरू होगी | इस बार किसानों के लिए मानसून को लेकर अच्छी खबर सामने आई है जहाँ इस वर्ष मानसून की बारिश देश में सामान्य रहेगी वहीँ मानसून सही समय पर ही देश में आएगा | भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने इस वर्ष देश में सामान्य मानसून रहने का अनुमान जारी किया है साथ ही हाल ही में मौसम विभाग ने मानसून तय समय पर देश में आने का अनुमान भी जताया है |

31 मई को  केरल पहुंचेगा मानसून

भारतीय मौसम विभाग ने प्रत्येक वर्ष की तरह इस वर्ष भी मानसून आने की पूर्वानुमान लगाया है | वैसे तो देश में मानसून आने की तिथि को 1 जून माना जाता है परन्तु इस बार का मानसून पिछले वर्ष के मुकाबले पहले भारत के केरल तट पर पहुँच सकता है | भारतीय मौसम विभाग के अनुसार देश के केरल तट पर 31 मई को दस्तक देने की अनुमान है | भारतीय मौसम विभाग के अनुमान के अनुसार तय समय में 4 दिन ज्यादा या कम हो सकते हैं |

इस वर्ष देश में सामान्य रहेगा मानसून

- Advertisement -

भारतीय मौसम विज्ञान के पूर्वानुमान के अनुसार जून से सितम्बर के बीच मानसून दीर्घावधि औसत के 98% रहने की संभावना है | इसमें 5% की ज्यादा या कम होने की संभावना रहती है | सामान्य वर्षा 96 से 104 प्रतिशत के बीच होने की उम्मीद है | जबकि समान्य से कम 90 से 96 प्रतिशत वर्षा होने की उम्मीद 25 प्रतिशत की है | इस मानसून सत्र (जून से सितम्बर) के बीच सामान्य से अधिक (104 से 110) प्रतिशत की संभावना 16 प्रतिशत बताई जा रही है |

पिछले पांच वर्षों में कब-कब भारत पंहुचा है मानसून

भारतीय मौसम विभाग प्रत्येक वर्ष मानसून का पूर्वानुमान लगाता है | भारतीय मौसम विभाग के द्वारा लगाया गया पूर्वानुमान लगभग सही साबित होता है | वर्ष 2005 से लेकर 2020 तक लगाये गये पूर्वानुमान वर्ष 2015 को छोड़कर सही साबित हुआ है |

पिछले 5 वर्षों में भारतीय मौसम विभाग के द्वारा किये गये पूर्वानुमान तथा मानसून आने की वास्तविकता इस प्रकार है |

  1. 2016 में भारतीय मौसम विभाग ने 8 जून को मानसून आने का पूर्वानुमान व्यक्त किया था, वास्तविकता में मानसूनन 7 जून को केरल तट पर पहुँच गया था |
  2. 2017 में भारतीय मौसम विभाग ने 30 मई को मानसून आने का पूर्वानुमान व्यक्त किया था, वास्तविकता में मानसून 30 जून को केरल तट पर पहुँच गया था |
  3. 2018 में भारतीय मौसम विभाग ने 29 मई को मानसून आने का पूर्वानुमान व्यक्त किया था, वास्तविकता में मानसून 29 जून को केरल तट पर पहुँच गया था |
  4. 2019 में भारतीय मौसम विभाग ने 8 जून को मानसून आने का पूर्वानुमान व्यक्त किया था, वास्तविकता में मानसून 6 जून को केरल तट पर पहुँच गया था |
  5. 2020 में भारतीय मौसम विभाग ने 1 जून को मानसून आने का पूर्वानुमान व्यक्त किया था, वास्तविकता में मानसून 5 जून को केरल तट पर पहुँच गया था |

अभी मानसून की ताजा स्थिति

मानसून के आरंभ / प्रगति की नई सामान्य तिथियों के अनुसार, दक्षिण पश्चिम मानसून 22 मई को अंडमान सागर के ऊपर आगे बढ़ता है | वर्तमान में लक्षद्वीप क्षेत्र और आस – पास में एक अवदाब बना हुआ है | अगले 24 घंटों के दौरान इसके चक्रवाती तूफ़ान में तीव्र होने की संभावना है | इसके उत्तर–उत्तर पश्चिम की ओर बढने तथा 18 मई के शुरूआती घंटों में दक्षिण गुजरात तट पर पहुँचने की संभावना है | परिणामस्वरूप क्रांस भूमध्यरेखा दक्षिण पश्चिम हवाएं अस्थायी रूप से अरब सागर के ऊपर मजबूत होंगी | क्रांस भूमध्यरेखीय प्रवाह 20 मई से बंगाल की खाड़ी के ऊपर मजबूत और गहरा होने की संभावना है और 21 मई से दक्षिण बंगाल की खाड़ी तथा अंडमान और निकोबार दवीप समूह के ऊपर लगातार वर्षा गतिविधि की संभावना है | 21 मई 2021 के आसपास अंडमान और निकोबार दवीप समूह पर मानसून प्रगति की संभावना है |

- Advertisement -

Related Articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Stay Connected

217,837FansLike
823FollowersFollow
54,000SubscribersSubscribe

Latest Articles

ऐप खोलें