किसानों की आय दोगुनी करने के लिए महत्वपूर्ण मुद्दे और उनके समाधान पर सम्मलेन

0
781
views

किसानों की आय दोगुनी करने के लिए महत्वपूर्ण मुद्दे और उनके समाधान पर सम्मलेन

कृषि एवं किसान कल्‍याण मंत्रालय, राष्‍ट्रीय कृषि विज्ञान परिसर (एनएएससी), पूसा, नई दिल्‍ली में ‘’कृषि 2022- किसानों की आय दुगुनी करने’’ संबंधी विषय पर एक राष्‍ट्रीय सम्‍मेलन का आयोजन कर रहा है। यह एक दो दिवसीय सम्‍मेलन है जिसे क्रमश: 19 और 20 फरवरी, 2018 को आयोजित किया जायेगा। यह सम्‍मेलन कृषि और किसान कल्‍याण से संबंधित विभिन्‍न महत्‍वपूर्ण मुद्दों तथा उनके उचित समाधान को ढूंढने के लिए माननीय प्रधानमंत्री के सुझाव पर आयोजित किया जा रहा है। इस सम्‍मेलन का मुख्‍य उद्देश्‍य ऐसी उचित सिफारिशों पर आम सहमति बनाना है जो 2022 तक किसानों की आय दुगुनी करने संबंधी सरकार के दृष्‍टिकोण को कार्यात्‍मकता का जामा पहना सकें। सम्‍मेलन के आयोजन का मंतव्‍य ऐसा व्‍यवहारिक समाधान खोजना है जिन्‍हें देश में किसानों के लाभार्थ कार्यान्‍वित किया जा सके। सरकार भागीदारों के सुझावों की अपेक्षा करती है और उचित सुझावों का अपनाने के लिए उत्‍सुक हे, इससे दीर्घावधि गतिविधियों को चलाने के अतिरिक्‍त कृषि क्षेत्र के साथ-साथ अनेकों उप-क्षेत्रों में तत्‍काल परिणाम प्राप्‍त करने में सहायता मिलेगी, इसमें प्राथमिक  क्षेत्र में मानव पक्ष अर्थात किसानों पर जोर दिया जाएगा। इसका सार किसानों के लिए कृषि होगा।

यह भी पढ़ें   बाजरे की समर्थन मूल्य पर खरीद अक्टूबर से

इस सम्‍मेलन के लिए 7 प्रमुख विषय चुने गए हैं जिनमें से कुछ विषयों के उप-विषय भी हैं, सम्‍मेलन के प्रतिभागियों में किसान, किसान समितियां, वैज्ञानिक, अर्थशास्‍त्री, शिक्षाविद, व्‍यापारिक उद्योग, व्‍यवसायिक समितियां एवं जींसों, नीति निर्धारक और अधिकारी शामिल हैं । इस सम्‍मेलन के संबंध में अधिकारियों को विभिन्‍न विषय और उप-विषय दिए गए हैं ताकि संबंधित मुद्दों को बहुपक्षीय एवं विस्‍तृत संस्‍तुतियों के परिपेक्ष्‍य में जांचा-परखा जा सके। कृषि, बागबानी, पशुपालन, डेयरी, मछलीपालन विपणन एवं सहकारिता जैसे विभिन्‍न क्षेत्रों से जुड़े वरिष्‍ठ अधिकारियों को भी आमंत्रित किया गया है क्‍योंकि राष्‍ट्रीय एवं राज्‍य स्‍तर की नीतियों एवं कार्यक्रमों को बनाने में संबंधित

क्षेत्र में उनके गहरे अनुभवों का लाभ उठाया जा सके। सम्‍मेलन के पहले दिन कृषि एवं किसान कल्‍याण मंत्री, भारत सरकार, हिमाचल प्रदेश के राज्‍यपाल, उपाध्‍यक्ष, नीति आयोग, कृषि एवं किसान कल्‍याण राज्‍य मंत्री सदस्‍य (कृषि), नीति आयोग आदि शामिल होंगे। संक्षिप्‍त उद्घाटन सत्र के बाद तकनीकी सत्र आरंभ होगा। सम्‍मेलन के तकनीकी सत्रों में सदस्‍य (कृषि), नीति आयोग और मंत्रालय के संयुक्‍त सचिवों द्वारा संबंधित स्‍कीमों के बारे में प्रस्‍तुतियां दी जाएंगी।

यह भी पढ़ें   ड्रिप और स्प्रिंकलर सिंचाई से भी हो सकती है धान की खेती

दूसरे दिन अर्थात 20 फरवरी, 2018 को प्रत्‍येक विषय से संबंधित समूह मध्‍यान्‍ह भोजन तक अपनी प्रस्‍तुतियों और सिफारिशों को अन्‍तिम रुप देंगे तथा अंतिम सत्र में अपनी प्रस्‍तुतियां देंगे जिनका प्रारंभ 4.30 बजे प्रधानमंत्री की मौजूदगी में होगा।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here