बड़ी खबर :मोदी सरकार ने किसानों को 3,000 रूपये पेंशन देने का किया फैसला

0
1556
views
kisan penshan yojna

किसान पेंशन योजना

केंद्र सरकार किसानों को 3,000 रुपये की पेंशन देगी, इसकी मंजूरी केंद्रीय मंत्रिमडल की बैठक में मंजूरी मिल गई है | इसके लिए सरकार तीन वर्ष के लिए 10774.50 करोड़ रुपया खर्च करेगी | किसानों के द्वारा वर्षों से यह मांग थी की पूरी जिन्दगी काम करने के बाद भी वृद्धा अवस्था में किसी भी तरह की सुरक्षा नहीं है | इसके लिए केंद्र सरकार से यह मांग थी की किसानों को सरकारी कर्मचारी की तरह ही पेंशन दी जाए| सरकार ने मंत्रिमंडल की पहली बैठक में ही इसे मंजूरी दे दिया है | जिसके तहत 60 वर्ष के बाद किसानों को 3,000 रूपये तक की पेंशन दी जाएगी |

इस योजना की खास बात यह है की यह योजना पूरी तरह से केंद्र शासित है | इसके तहत तीन वर्ष में देश के पांच करोड़ छोटे तथा सीमांत किसान लाभन्वित होंगें | इस योजना का महत्व इसलिए भी अधिक है की पहले से चल रही दूसरी पेंशन योजना के अतरिक्त है | यानि पहले से चल रहे योजना को बन्द नहीं किया जायेगा |

यह भी पढ़ें   मूँग एवं उड़द की फसल पर 800 रुपये प्रति क्विंटल प्रोत्साहन राशि पाने के लिए क्या करें

किसान पेंशन योजना का लाभ किन किसानों को मिलेगा 

यह देश भर के छोटे और सीमांत किसानों (एसएमएफ) के लिए स्वैच्छिक और अंशदायी पेंशन योजना है | इसमें प्रारंभिक आयु 18 से 40 वर्ष है और 60 वर्ष की आयु होने पर 3,000 रूपये की न्यूनतम निर्धारित पेंशन देने का प्रावधान है |

इसे एसे समझे लाभार्थी किसान को 29 वर्ष की प्रवेश आयु में 100 रूपये प्रतिमाह का अंशदान करना अपेक्षित है | केंद्र सरकार भी पात्र किसान द्वारा किये गए अंशदान के बराबर राशि पेंशन निधि में जमा कराएगी |

अगर किसान लाभार्थी की मृत्यु हो जाता है तो क्या होगा ?

अंशदानकर्ता की पेंशन लेने के दौरान म्रत्यु होने के बाद एसएमएफ लाभार्थी की पत्नी पति परिवार पेंशन के रूप में लाभार्थी द्वारा प्राप्त की जा रही पेंशन की 50 प्रतिशत पेंशन राशि प्राप्त करने के हकदार होंगे | बशर्ते कि वे इस योजना के पहले से ही एसएमएफ लाभार्थी न हों | अगर अंशदानकर्ता की मृत्यु अंशदान अवधि को दौरान हो जाती है तो उसके पत्नी – पति के सामने नियमित अंशदान भुगतान द्वारा योजना को जारी रखने का विकल्प खुला होगा |

यह भी पढ़ें   सरकार रबी फसल के लिए दे रही है नगद सहायता

इस तरह की जानकरी विडियो के माध्यम से पाने के लिए किसान समाधान के YouTube चेनल को सब्सक्राइब करें

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here