नेट हाउस बदला नोट हाउस में

0

नेट हाउस बदला नोट हाउस में

विदिशा जिले के ग्राम हिनोतिया की रामबाई और उमाबाई को संरक्षित खेती का इतना फायदा मिलने लगा है कि उनका नेट हाउस अब नोट हाउस में बदल गया है। रामबाई बताती हैं कि जब से उनके खेत में जालीदार छतरी लगी है, तब से सब्जी-भाजी की पैदावार काफी बढ़ गई है। रामबाई और उमाबाई पहले खुले में सब्जी-भाजी लगाते थे जिससे उन्हें नाममात्र की कमाई हो पाती थी। अब जालीदार नेट लग जाने से पिछले एक साल से खूब पैदावार होने लगी है और मुनाफा भी बढ़ गया है।

इन महिलाओं ने लगभग एक एकड़ में वर्ष 2016 में नेट हाउस लगवाया है। पहले साल ही ककड़ी और शिमला मिर्च लगाई। इससे इन्हें डेढ़ लाख रुपये का मुनाफा हुआ। इस साल इन्होंने टमाटर और हरी मिर्च लगाई है। अब तक 35 हजार रुपये के टमाटर बेच दिए हैं। दोनों महिलाओं का कहना है कि इतना मुनाफा तो परम्परागत फसलों से भी नहीं होता था। रामबाई और उमाबाई अब हर किसान को अपने खेत में एक एकड़ में नेट हाउस लगवाने की सलाह देती हैं।

यह भी पढ़ें   यह सरकार किसानों को देगी गेंहू पर 160 रुपए का बोनस

इन महिलाओं की रुचि देखकर उद्यानिकी विभाग के अधिकारियों ने भी आगे बढ़कर इनकी मदद की। नेट हाउस की लागत पर इन्हें अनुदान के रूप में 50 प्रतिशत राशि विभाग ने उपलब्ध करवाई है।

स्त्रोत: जनसंपर्क विभाग मध्यप्रदेश

यह भी पढ़ें: छाया घर (शेड हाउस)

यह भी पढ़ें: ग्रीन हाउस की तकनीकी द्वारा सब्जियाँ और फूल उगायें

Previous articleभैंसों से दुग्ध उत्पादन किस प्रकार बढ़ाएं एवं कम करें ब्याने की उम्र
Next articleडेयरी विकास कार्ड योजना

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here